menu_bookRBSE · भौतिक विज्ञान (Physics) · अध्याय 8

गुरुत्वाकर्षण

Gravitation

schedule~30 मिनट
Gravity simulation
Image: Gravity simulation by NectarLupine / Wikimedia Commons, source, CC0

गुरुत्वाकर्षण (Gravitation)

एक नज़र में: गुरुत्वाकर्षण वह बल है जिसके कारण पृथ्वी सहित सभी वस्तुएं एक-दूसरे को आकर्षित करती हैं। यह बल ब्रह्मांडीय स्तर पर कार्य करता है और ग्रहों, उपग्रहों की गति, ज्वार-भाटा आदि की व्याख्या करता है। (Gravitation is the force by which every object in the universe attracts every other object. This force acts at the universal level and explains motions of planets, satellites, tides, etc.)

📌 अध्याय का परिचय (Chapter Introduction)

गुरुत्वाकर्षण वह प्राकृतिक बल है, जो ब्रह्मांड की प्रत्येक वस्तु को आकर्षित करता है। न्यूटन ने सबसे पहले गुरुत्वाकर्षण के सार्वत्रिक नियम को प्रतिपादित किया, जिससे ग्रहों की गतियाँ, पृथ्वी पर वस्तुओं का गिरना, ज्वार-भाटा आदि घटनाओं को समझना संभव हुआ।

Gravitation is the natural force which attracts every object in the universe. Newton first formulated the Universal Law of Gravitation, which helped explain planetary motions, falling of objects on Earth, tides, etc.


📖 मुख्य विषय (Main Topics)


1. गुरुत्वाकर्षण बल (Gravitational Force)

परिभाषा: दो वस्तुओं के मध्य वह आकर्षण बल जो उनके द्रव्यमानों के कारण उत्पन्न होता है, गुरुत्वाकर्षण बल कहलाता है।

The attractive force between two objects due to their masses is called gravitational force.

न्यूटन का सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण नियम: "ब्रह्मांड की प्रत्येक कण एक-दूसरे को एक बल से आकर्षित करते हैं, जो उनके द्रव्यमानों के गुणनफल के अनुक्रमानुपाती तथा उनके मध्य की दूरी के वर्ग के व्युत्क्रमानुपाती होता है।"

Every particle in the universe attracts every other particle with a force which is directly proportional to the product of their masses and inversely proportional to the square of the distance between them.

गणितीय व्यंजक (Formula): \[ F = G \frac{m_1 m_2}{r^2} \] जहाँ,

  • \( F \) = आकर्षण बल (Attractive Force)
  • \( m_1, m_2 \) = दोनों वस्तुओं के द्रव्यमान (Masses)
  • \( r \) = दोनों के बीच की दूरी (Distance)
  • \( G \) = सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण नियतांक (Universal Gravitational Constant)

G का मान (Value of G): \[ G = 6.67 \times 10^{-11} \, \text{Nm}^2 \text{kg}^{-2} \]

हल किया गया उदाहरण (Solved Example):

उदाहरण: यदि दो वस्तुएँ, जिनका द्रव्यमान 5 kg और 10 kg है, वे 2 m की दूरी पर रखी हैं, तो उनके बीच गुरुत्वाकर्षण बल ज्ञात कीजिए।

Find the gravitational force between two objects of masses 5 kg and 10 kg separated by 2 m.

हल: \[ F = G \frac{m_1 m_2}{r^2} \] \[ F = 6.67 \times 10^{-11} \frac{5 \times 10}{2^2} \] \[ = 6.67 \times 10^{-11} \frac{50}{4} \] \[ = 6.67 \times 10^{-11} \times 12.5 \] \[ = 8.3375 \times 10^{-10} \, \text{N} \]


2. गुरुत्वाकर्षण नियतांक (Gravitational Constant, G)

परिभाषा: G वह नियतांक है, जो दो 1-1 kg की वस्तुओं के बीच, 1 meter दूरी पर, लगने वाले गुरुत्वाकर्षण बल को दर्शाता है।

G is the constant of proportionality in Newton’s law of gravitation. It is the force between two 1 kg masses placed 1 m apart.

विशेषताएँ (Characteristics):

  • सभी वस्तुओं के लिए G का मान समान होता है।
  • यह एक सार्वत्रिक नियतांक है।
  • इसका मात्रक (SI Unit): \( \text{Nm}^2 \text{kg}^{-2} \)

3. पृथ्वी का गुरुत्वीय क्षेत्र (Earth’s Gravitational Field)

गुरुत्वीय क्षेत्र (Gravitational Field): वह क्षेत्र जहाँ प्रत्येक बिंदु पर एकांक द्रव्यमान पर पृथ्वी द्वारा बल आरोपित होता है, गुरुत्वीय क्षेत्र कहलाता है।

The region around a mass where its gravitational force can be experienced is called a gravitational field.

गुरुत्वीय क्षेत्र तीव्रता (Gravitational Field Intensity, g): \[ g = G \frac{M}{r^2} \] जहाँ,

  • \( M \) = पृथ्वी का द्रव्यमान (Mass of Earth)
  • \( r \) = पृथ्वी के केंद्र से दूरी (Distance from Earth’s center)

पृथ्वी पर g का मान: \[ g = 9.8 \, \text{m/s}^2 \]

At Earth’s surface, g = 9.8 m/s²


4. द्रव्यमान एवं भार (Mass and Weight)

द्रव्यमान (Mass):

  • यह किसी वस्तु में उपस्थित द्रव्य की मात्रा है।
  • यह अपरिवर्तनीय राशि है।
  • SI मात्रक: kg

Mass is the quantity of matter in a body. It is constant.

भार (Weight):

  • यह वह बल है, जिससे पृथ्वी किसी वस्तु को आकर्षित करती है।
  • भार = द्रव्यमान × गुरुत्वीय त्वरण

Weight is the force with which Earth attracts an object. Weight = Mass × g

\[ W = mg \]


5. पृथ्वी पर g का मान एवं विभिन्नता (Value and Variation of g on Earth)

(a) ऊँचाई पर g का परिवर्तन (Variation of g with Height)

ऊँचाई h पर, \[ g' = g \left(1 - \frac{2h}{R}\right) \] जहाँ,

  • \( R \) = पृथ्वी की त्रिज्या (Earth’s radius)

(b) गहराई पर g का परिवर्तन (Variation of g with Depth)

गहराई d पर, \[ g' = g \left(1 - \frac{d}{R}\right) \]

(c) अक्षांश पर g का परिवर्तन (Variation of g with Latitude)

पृथ्वी के घूर्णन के कारण, g का मान विषुवत रेखा (Equator) पर न्यूनतम और ध्रुवों (Poles) पर अधिकतम होता है।


6. मुक्त पतन (Free Fall) और गुरुत्वीय त्वरण (Acceleration due to Gravity)

मुक्त पतन: जब कोई वस्तु केवल पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण के कारण गिरती है, तो उसे मुक्त पतन कहते हैं।

When an object falls solely under the influence of gravity, it is called free fall.

गुरुत्वीय त्वरण (g): यह वह त्वरण है, जो मुक्त पतन के दौरान वस्तु में उत्पन्न होता है।

It is the acceleration produced in a freely falling object due to gravity.


7. उपग्रह (Satellites)

परिभाषा: जो वस्तुएँ किसी ग्रह के चारों ओर घूमती हैं, उपग्रह कहलाती हैं।

Bodies revolving around a planet are called satellites.

प्राकृतिक उपग्रह: चंद्रमा (Moon) कृत्रिम उपग्रह: मनुष्य द्वारा बनाए गए उपग्रह (Man-made satellites)

कक्षा (Orbit) एवं कक्षीय वेग (Orbital Velocity):

कक्षीय वेग (Orbital Velocity, v): वह न्यूनतम वेग जिससे उपग्रह ग्रह के चारों ओर वृत्ताकार कक्षा में घूम सकता है।

\[ v = \sqrt{G \frac{M}{r}} \] जहाँ,

  • \( M \) = ग्रह का द्रव्यमान
  • \( r \) = ग्रह के केंद्र से उपग्रह की दूरी

8. पलायन वेग (Escape Velocity)

परिभाषा: वह न्यूनतम वेग, जिससे कोई वस्तु पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण क्षेत्र से सदा के लिए बाहर जा सकती है, पलायन वेग कहलाता है।

Minimum velocity required to escape the gravitational field of Earth is called escape velocity.

\[ v_{esc} = \sqrt{2gR} = \sqrt{\frac{2GM}{R}} \] जहाँ,

  • \( R \) = पृथ्वी की त्रिज्या
  • \( M \) = पृथ्वी का द्रव्यमान
  • \( g \) = पृथ्वी पर गुरुत्वीय त्वरण

पृथ्वी हेतु पलायन वेग = 11.2 km/s


9. गुरुत्वाकर्षणीय विभव एवं विभव ऊर्जा (Gravitational Potential and Potential Energy)

गुरुत्वाकर्षणीय विभव (Gravitational Potential, V): किसी बिंदु पर, एकांक द्रव्यमान को अनंत से उस बिंदु तक लाने में किया गया कार्य, विभव कहलाता है।

Work done in bringing a unit mass from infinity to a point is called gravitational potential.

\[ V = -G \frac{M}{r} \]

गुरुत्वाकर्षणीय विभव ऊर्जा (Potential Energy): दो वस्तुओं के बीच दूरी r पर, उनकी विभव ऊर्जा \[ U = -G \frac{m_1 m_2}{r} \]


10. केपलर के ग्रहों की गति के नियम (Kepler’s Laws of Planetary Motion)

(a) पहला नियम - पथ का नियम (Law of Orbits):

"प्रत्येक ग्रह सूर्य के चारों ओर दीर्घवृत्ताकार पथ में घूमता है, जिसमें सूर्य एक फोकस पर स्थित होता है।"

Every planet revolves around the Sun in an elliptical orbit, with the Sun at one focus.

(b) दूसरा नियम - क्षेत्रफल का नियम (Law of Areas):

"किसी ग्रह और सूर्य को जोड़ने वाली रेखा समान समय में समान क्षेत्रफल तय करती है।"

The line joining planet and Sun sweeps equal areas in equal intervals of time.

(c) तीसरा नियम - आवर्तकाल का नियम (Law of Periods):

"किसी ग्रह की कक्षा का वर्ग, उसकी सूर्य से दूरी के घन के अनुक्रमानुपाती होता है।"

The square of the period of revolution of a planet is proportional to the cube of its average distance from the Sun.

\[ T^2 \propto r^3 \]


11. ज्वार-भाटा (Tides)

पृथ्वी, सूर्य एवं चंद्रमा के गुरुत्वाकर्षण बल के कारण महासागरों के जलस्तर में उतार-चढ़ाव को ज्वार-भाटा कहते हैं।

Rise and fall of sea levels due to gravitational forces of the Moon and the Sun is called tides.


12. गुरुत्वाकर्षण के अनुप्रयोग (Applications of Gravitation)

  • वायुमंडल की उपस्थिति
  • पृथ्वी पर जल का प्रवाह
  • ग्रहों-उपग्रहों की कक्षा
  • ज्वार-भाटा
  • कृत्रिम उपग्रह प्रक्षेपण

🧠 महत्वपूर्ण बिंदु (Key Points)

  1. गुरुत्वाकर्षण बल सभी वस्तुओं के बीच कार्य करता है, चाहे वे कितनी भी दूर क्यों न हों।

Gravitational force acts between all objects, no matter how far apart they are.

  1. न्यूटन का सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण नियम ब्रह्मांड के सभी पिंडों पर लागू होता है।

Newton’s Universal Law of Gravitation applies to all bodies in the universe.

  1. G का मान सार्वत्रिक और अत्यंत लघु होता है।

The value of G is universal and extremely small.

  1. पृथ्वी पर गुरुत्वीय त्वरण (g) का मान 9.8 m/s² है, पर यह ऊँचाई, गहराई एवं अक्षांश के अनुसार बदलता है।

Value of g on Earth is 9.8 m/s², but it varies with height, depth, and latitude.

  1. द्रव्यमान अपरिवर्तनीय है, जबकि भार स्थान के अनुसार बदलता है।

Mass is constant, but weight varies with location.

  1. मुक्त पतन में सभी वस्तुएँ समान त्वरण से गिरती हैं (g)।

All objects fall with the same acceleration (g) during free fall.

  1. पृथ्वी के केंद्र पर g का मान शून्य होता है।

Value of g is zero at the center of the Earth.

  1. पलायन वेग पृथ्वी के लिए 11.2 km/s है।

Escape velocity for Earth is 11.2 km/s.

  1. कक्षा में उपग्रह का वेग पृथ्वी के घूर्णन से अधिक होता है।

Velocity of a satellite in orbit is greater than Earth’s rotation.

  1. केपलर के नियमों से ग्रहों की गति समझी जाती है।

Kepler’s laws explain the motion of planets.


⚠️ सामान्य गलतियाँ (Common Mistakes)

| क्रमांक | गलती (Mistake) | सही अवधारणा (Correct Concept) | |--------|---------------------|-------------------------------| | 1 | G को g समझ लेना | G (Universal Constant), g (Local Acceleration) | | 2 | द्रव्यमान और भार को समान मानना | द्रव्यमान अपरिवर्तनीय, भार परिवर्तनीय | | 3 | ऊँचाई पर g बढ़ना | ऊँचाई पर g घटता है | | 4 | केवल पृथ्वी पर गुरुत्वाकर्षण मानना | सभी वस्तुएँ एक-दूसरे को आकर्षित करती हैं | | 5 | मुक्त पतन में वायु प्रतिरोध मानना | मुक्त पतन में केवल गुरुत्वाकर्षण कार्य करता है | | 6 | पलायन वेग को कक्षीय वेग मानना | पलायन वेग > कक्षीय वेग | | 7 | पृथ्वी पर g को हर जगह समान मानना | g अक्षांश, ऊँचाई व गहराई पर बदलता है | | 8 | गुरुत्वीय विभव ऊर्जा को धनात्मक मानना | गुरुत्वीय विभव ऊर्जा सदैव ऋणात्मक होती है | | 9 | केपलर के नियम केवल सौरमंडल तक सीमित मानना | ये सभी ग्रहों व उपग्रहों पर लागू होते हैं | | 10 | g को केवल पृथ्वी के लिए | g अन्य ग्रहों, उपग्रहों पर भी परिभाषित है |


📝 RBSE परीक्षा प्रश्न (RBSE Exam Questions)

1-मार्क प्रश्न (1-Mark Questions)

  1. G का मान क्या है? (What is the value of G?)
  2. पृथ्वी पर g का मान क्या है? (What is the value of g on Earth?)
  3. मुक्त पतन किसे कहते हैं? (Define free fall.)
  4. केपलर के कितने नियम हैं? (How many Kepler’s laws are there?)
  5. पृथ्वी का प्राकृतिक उपग्रह कौन-सा है? (Which is Earth’s natural satellite?)

2-मार्क प्रश्न (2-Mark Questions)

  1. गुरुत्वाकर्षण बल का सूत्र लिखिए। (Write the formula for gravitational force.)
  2. द्रव्यमान और भार में अंतर स्पष्ट कीजिए। (Differentiate between mass and weight.)
  3. G और g में क्या अंतर है? (What is the difference between G and g?)
  4. पलायन वेग की परिभाषा दीजिए। (Define escape velocity.)
  5. पृथ्वी के केंद्र पर g का मान क्यों शून्य होता है? (Why is the value of g zero at Earth’s center?)

5-मार्क प्रश्न (5-Mark Questions)

  1. न्यूटन के सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण नियम की व्याख्या कीजिए तथा इसका गणितीय व्यंजक सिद्ध कीजिए। (Explain Newton’s Universal Law of Gravitation and derive its mathematical expression.)
  2. पृथ्वी पर g के मान में ऊँचाई, गहराई तथा अक्षांश के अनुसार परिवर्तन का विवेचन कीजिए। (Discuss the variation of g with height, depth, and latitude on Earth.)
  3. केपलर के ग्रहों की गति के नियमों का विस्तार से वर्णन कीजिए। (Describe Kepler’s laws of planetary motion in detail.)
  4. कक्षीय वेग एवं पलायन वेग के सूत्र की सिद्धि कीजिए तथा पृथ्वी के लिए मान ज्ञात कीजिए। (Derive formulas for orbital and escape velocity and calculate their values for Earth.)
  5. उपग्रह क्या है? पृथ्वी की सतह के समीप कक्षा में उपग्रह की कक्षीय गति समझाइए। (What is a satellite? Explain the orbital motion of a satellite near Earth’s surface.)

अध्याय समाप्त (End of Chapter)

नोट: उपरोक्त सभी अवधारणाओं के साथ-साथ सूत्र, परिभाषाएँ, और उदाहरण परीक्षा के दृष्टिकोण से अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। प्रश्नों का अभ्यास करें, सूत्रों को याद करें, और अवधारणाओं को समझें।

Note: All concepts, formulas, definitions, and examples above are highly important for exams. Practice questions, memorize formulas, and understand concepts.


(यह अध्याय NCERT-गुणवत्ता, द्विभाषी रूप में RBSE कक्षा 11 भौतिकी के लिए तैयार किया गया है।)

This chapter is prepared for RBSE Class 11 Physics in NCERT-quality bilingual format.

मुख्य बिंदु (Key Points)

  • गुरुत्वाकर्षण ब्रह्मांड में किसी भी दो द्रव्यमानों के बीच आकर्षण बल है।
  • न्यूटन का सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण का नियम कहता है कि प्रत्येक कण दूसरे कण को उस बल से आकर्षित करता है, जो उनके द्रव्यमानों के गुणनफल के अनुक्रमानुपाती तथा उनके केंद्रों के बीच की दूरी के वर्ग के व्युत्क्रमानुपाती होता है।
  • गुरुत्वाकर्षण बल सदैव आकर्षणकारी होता है।
  • सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण नियतांक (G) का मान 6.67 × 10⁻¹¹ न्यूटन मीटर²/किलोग्राम² है।
  • पृथ्वी की सतह पर गुरुत्वजनित त्वरण (g) का मान लगभग 9.8 मीटर/सेकंड² है।
  • पृथ्वी की सतह से ऊँचाई या गहराई बढ़ने पर 'g' का मान घटता है।
  • किसी वस्तु का भार वह बल है जिससे पृथ्वी उसे आकर्षित करती है और यह W = mg से व्यक्त होता है।
  • किसी वस्तु का द्रव्यमान सर्वत्र स्थिर रहता है, परंतु उसका भार 'g' के मान के अनुसार बदलता है।
  • केपलर के नियम ग्रहों की सूर्य के चारों ओर गति का वर्णन करते हैं।
  • पृथ्वी के केंद्र से r दूरी पर स्थित m द्रव्यमान वाली वस्तु की गुरुत्वाकर्षण स्थितिज ऊर्जा U = -GMm/r होती है।
  • पलायन वेग वह न्यूनतम वेग है, जिससे कोई वस्तु ग्रह के गुरुत्वाकर्षण क्षेत्र से बिना वापस आए बाहर निकल सकती है।
  • उपग्रह ग्रहों के चारों ओर इसलिए घूमते हैं क्योंकि गुरुत्वाकर्षण बल और केन्द्रीयाभिमुख बल के बीच संतुलन होता है।

Key Points

  • Gravitation is the force of attraction between any two masses in the universe.
  • Newton's law of universal gravitation states that every particle attracts every other particle with a force directly proportional to the product of their masses and inversely proportional to the square of the distance between their centers.
  • The gravitational force is always attractive in nature.
  • The universal gravitational constant (G) is 6.67 × 10⁻¹¹ N m²/kg².
  • The value of acceleration due to gravity (g) at the surface of the Earth is approximately 9.8 m/s².
  • The value of 'g' decreases with increase in altitude and depth from the Earth's surface.
  • Weight of a body is the force with which the Earth attracts it and is given by W = mg.
  • The mass of an object is constant everywhere, but its weight varies with the value of 'g'.
  • Kepler's laws describe the motion of planets around the Sun.
  • The gravitational potential energy of a body of mass m at a distance r from the center of Earth is U = -GMm/r.
  • Escape velocity is the minimum velocity required for a body to escape from the gravitational field of a planet without returning.
  • Satellites revolve around planets due to the balance between gravitational force and centripetal force.

इंटरैक्टिव अभ्यास (MCQ)

यदि दो द्रव्यमानों के बीच की दूरी दोगुनी कर दी जाए, तो उनके बीच गुरुत्वाकर्षण बल:

गुरुत्वाकर्षण का सार्वत्रिक नियम किसने दिया था?

निम्नलिखित में से गुरुत्वाकर्षण नियतांक (G) की SI इकाई कौन सी है?

पृथ्वी की सतह पर गुरुत्वजनित त्वरण (g) का मान लगभग कितना है?

यदि द्रव्यमान या दूरी बदलती है तो G का मान क्या होता है?

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गुरुत्वाकर्षण lock

गुरुत्वाकर्षण (Gravitation) एक नज़र में: गुरुत्वाकर्षण वह बल है जिसके कारण पृथ्वी सहित सभी वस्तुएं एक-दूसरे को आकर्षित करती हैं। यह बल ब्रह्मांडीय स्तर पर…

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